<p>नई दिल्ली। भारत सरकार ने देश को वैश्विक सेमीकंडक्टर और माइक्रोचिप हब बनाने की दिशा में एक विशाल कदम उठाया है। केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में 1 लाख 26 हजार करोड़ रुपये के कुल निवेश से तीन नई सेमीकंडक्टर निर्माण इकाइयों (फैब और ओसैट) को मंजूरी दी गई है।</p><p>इन संयंत्रों की स्थापना गुजरात के धोलेरा और असम के मोरीगांव में की जाएगी। इस महा-परियोजना से देश में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से 50,000 से अधिक उच्च-तकनीकी नौकरियों के अवसर पैदा होंगे। इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के अनुसार, यह कदम भारत को वैश्विक तकनीकी आपूर्ति श्रृंखला में आत्मनिर्भर बनाएगा।</p>